पेपर लीक मामले में राहुल गांधी समेत कांग्रेस नेताओं की गिरफ्तारी लोकतंत्र पर हमला : दीपक बैज

 रायपुर, 22 जुलाई 2026। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने पेपर लीक के विरोध में प्रदर्शन के दौरान नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी सहित कांग्रेस नेताओं की गिरफ्तारी की कड़ी निंदा करते हुए इसे केंद्र सरकार की घबराहट और लोकतांत्रिक आवाज़ को दबाने का प्रयास बताया। उन्होंने कहा कि छात्रों के भविष्य से जुड़े गंभीर मुद्दे पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय सरकार विपक्ष के नेताओं और छात्रों को निशाना बना रही है।







दीपक बैज ने कहा कि राहुल गांधी देश के युवाओं की आवाज़ बनकर संसद से लेकर सड़क तक उनके अधिकारों और भविष्य की लड़ाई लड़ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार युवाओं की समस्याओं का समाधान करने के बजाय उनकी आवाज़ उठाने वालों पर कार्रवाई कर रही है।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि देश में पेपर लीक की घटनाएं अब राष्ट्रीय संकट का रूप ले चुकी हैं। उनका दावा है कि केंद्र में वर्तमान सरकार के कार्यकाल में 150 से अधिक पेपर लीक की घटनाओं ने करीब 7.5 करोड़ छात्रों और उनके परिवारों को प्रभावित किया है, लेकिन अब तक किसी भी बड़े दोषी को सजा नहीं मिली है।

उन्होंने कहा कि लाखों अभ्यर्थी वर्षों तक कठिन परिश्रम कर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं। कई छात्र प्रतिदिन 10 घंटे तक पढ़ाई करते हैं और उनके परिवार आर्थिक व मानसिक दबाव झेलते हैं। इसके बावजूद हर वर्ष लगभग 9 करोड़ अभ्यर्थियों को मात्र 6 लाख सरकारी नौकरियों के लिए प्रतिस्पर्धा करनी पड़ती है। ऐसे में पेपर लीक जैसी घटनाएं युवाओं के भविष्य के साथ गंभीर अन्याय हैं।

दीपक बैज ने नीट परीक्षा का उल्लेख करते हुए कहा कि लाखों विद्यार्थियों का भविष्य इससे जुड़ा है। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्ष 2024 में नीट पेपर लीक के मामले में भी सरकार ने किसी की जवाबदेही तय नहीं की और न ही दोषियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की गई, जिससे लाखों छात्रों की मेहनत प्रभावित हुई।

उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और विश्वसनीयता लगातार कमजोर हुई है। उनका कहना है कि पेपर लीक के मामलों में शिक्षा माफियाओं को राजनीतिक संरक्षण मिल रहा है, जिसके कारण इस तरह की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं।

दीपक बैज ने केंद्र सरकार से पेपर लीक के सभी मामलों की निष्पक्ष जांच कराने, दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने तथा छात्रों के भविष्य की सुरक्षा के लिए प्रभावी और पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की।

नोट: यह बयान छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति पर आधारित है, जिसमें व्यक्त आरोप और दावे कांग्रेस पार्टी के हैं।