जांजगीर-चांपा।
छत्तीसगढ़ी फिल्म इंडस्ट्री में अपनी अलग पहचान बना रही फिल्म “दंगल द वीरनपुर” को लेकर लगातार चर्चा बनी हुई है। इसी कड़ी में क्षेत्र के विधायक ईश्वर प्रसाद साहू ने फिल्म का अवलोकन किया और इसकी सराहना करते हुए इसे एक प्रेरणादायक एवं वास्तविक घटनाओं पर आधारित उत्कृष्ट फिल्म बताया।
विधायक ईश्वर प्रसाद साहू ने कहा कि यह फिल्म उनके जीवन से जुड़े संघर्षों और घटनाओं को बहुत ही प्रभावी तरीके से प्रस्तुत करती है। उन्होंने विशेष रूप से अभिनेता पवन गांधी की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने उनके किरदार को बेहद सजीव और प्रभावशाली ढंग से निभाया है। उन्होंने फिल्म की पूरी टीम को धन्यवाद देते हुए कहा कि उनके जीवन की कहानी को बड़े पर्दे पर उतारकर दर्शकों के सामने प्रस्तुत करना सराहनीय प्रयास है।
उन्होंने प्रदेशवासियों से अपील करते हुए कहा कि सभी लोग इस फिल्म को अवश्य देखें और कलाकारों का उत्साहवर्धन करें। साथ ही उन्होंने इसे समाज के लिए प्रेरणा देने वाली फिल्म बताया।
फिल्म से जुड़े कलाकार हेमलाल चतुर्वेदी, रमेश कुमार नाग एवं पवन गांधी ने संयुक्त रूप से कहा कि यह फिल्म सत्य घटनाओं पर आधारित है और इसमें अभिनय करते हुए उन्होंने वास्तविकता को दर्शाने का पूरा प्रयास किया है। उन्होंने बताया कि फिल्म की स्क्रीनिंग हो चुकी है और इसे दर्शकों द्वारा सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है।
कलाकारों ने यह भी स्पष्ट किया कि फिल्म को सेंसर बोर्ड से आधिकारिक प्रमाणपत्र प्राप्त हो चुका है, जिससे यह पूरी तरह स्वीकृत और साफ-सुथरी फिल्म है। इसमें किसी प्रकार की आपत्तिजनक सामग्री नहीं है।
फिल्म की कहानी एक साधारण व्यक्ति के संघर्ष की यात्रा को दर्शाती है, जिसमें एक रिक्शा चालक के जीवन से शुरू होकर विधायक बनने तक का सफर दिखाया गया है। साथ ही इसमें उनके पारिवारिक जीवन की संवेदनशील घटनाओं को भी मार्मिक ढंग से प्रस्तुत किया गया है।
फिल्म की अभिनेत्री शालिनी विश्वकर्मा ने पत्नी और मां की भूमिका को बेहद भावनात्मक तरीके से निभाया है, जो दर्शकों को गहराई से प्रभावित करती है।
यह फिल्म न केवल मनोरंजन प्रदान करती है, बल्कि समाज को एक नई दिशा और प्रेरणा देने का भी कार्य करती है।
राकेश साहू
न्यूज़ एजेंसी, जांजगीर-चांपा (छत्तीसगढ़)


